भुजियाघाट के भदयूनी गांव में युवक का संदिग्ध हालात में शव बरामद

गुलदार के हमले की आशंका, हत्या के एंगल से भी जांच; गांव में दहशत और आक्रोश

खबरों की दुनिया, नैनीताल

भुजियाघाट क्षेत्र अंतर्गत भदयूनी गांव में शुक्रवार सुबह एक युवक का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान कमल बिष्ट (30), निवासी भदयूनी, के रूप में हुई है। प्रथम दृष्टया मौत गुलदार (तेंदुआ) के हमले से होने की आशंका जताई जा रही है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, कमल बिष्ट गुरुवार रात घर से निकले थे और गांव में आयोजित एक शादी समारोह में शामिल होने गए थे, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटे। शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे उनका शव घर से लगभग 500 मीटर दूर संदिग्ध अवस्था में पड़ा मिला। सूचना फैलते ही गांव में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर एकत्र हो गए।

मौत को लेकर अलग-अलग कयास

घटना के बाद गांव में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। कुछ ग्रामीण इसे गुलदार का हमला बता रहे हैं, जबकि अन्य हत्या की आशंका जता रहे हैं। शव की स्थिति को देखकर संदेह और गहरा गया है। सूचना मिलने पर पुलिस और वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। डॉ. जगदीश चंद्र (एसपी सिटी) ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला जंगली जानवर के हमले का प्रतीत हो रहा है, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही वास्तविक कारण स्पष्ट हो पाएगा। फिलहाल शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।

गांव में दहशत, वन विभाग के खिलाफ प्रदर्शन

घटना के बाद भदयूनी गांव और आसपास के क्षेत्रों में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से इलाके में गुलदार की सक्रियता बढ़ी हुई थी। बीते करीब 20 दिनों में दो महिलाओं और अब एक युवक की मौत से लोगों में भारी आक्रोश है। आक्रोशित ग्रामीणों ने वन विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया और कुछ समय के लिए शव को सड़क पर रखकर विरोध जताया। उन्होंने आदमखोर गुलदार को पकड़ने या मार गिराने की मांग की। ग्रामीणों का आरोप है कि वन विभाग मानव सुरक्षा को लेकर गंभीर नहीं है।

राजनीतिक जुड़ाव से मामला संवेदनशील

बताया जा रहा है कि मृतक कमल बिष्ट काठगोदाम क्षेत्र से भाजपा के एक मंडल अध्यक्ष के भाई थे, जिससे मामला राजनीतिक रूप से भी संवेदनशील हो गया है। स्थानीय जनप्रतिनिधि और नेता भी मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया।

प्रशासन अलर्ट, जांच जारी

डीएफओ आकाश गंगवार ने बताया कि घटना के बाद वन विभाग ने क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी है और लोगों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही, आसपास के जंगलों में गुलदार की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ट्रैप कैमरे लगाने और अन्य आवश्यक कदम उठाने की प्रक्रिया जारी है। फिलहाल पूरे मामले में पुलिस और वन विभाग की संयुक्त जांच जारी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि कमल बिष्ट की मौत जंगली जानवर के हमले से हुई या इसके पीछे कोई अन्य कारण है।

Harish Upreti Karan

पिछले 20 वर्षों से दैनिक जागरण, हिंदुस्तान व अमृत विचार में पत्रकार के रूप में कार्य करने के अलावा चार काव्य संग्रह प्रकाशित, आकाशवाणी रामपुर व अल्मोड़ा से विभिन्न रचनाओं का प्रसारण, हिंदी फिल्म "यंग बाइकर्स" के लिए गीत लेखन, पर्यटन विभाग के लिए बनी डॉक्यूमेंट्री फिल्म "चंपावत एक धरोहर" की स्क्रिप्ट राइटिंग, कुमाऊनी फिल्म "फौजी बाबू", "पधानी लाली", रंगमंच के विभिन्न नाटकों में अभिनय, कुमाऊनी गीत "पहाड़ छोड़ दे" और "काली जींस" का लेखन व गायन, फिल्म राइटर्स एसोसिएशन मुंबई का सदस्य

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