
खबरों की दुनिया, रामनगर
कोर्ट परिसर में उस समय अफरा-तफरी मच गई जब हत्या के एक मुकदमे में पेशी के दौरान एक आरोपी द्वारा जहर खाने की सूचना सामने आई। मामले में सीओ सुमित पांडे ने बताया कि बुधवार को कौशल चिलवाल नामक युवक (उम्र लगभग 25 वर्ष) की रामनगर न्यायालय में पेशी थी। इसी दौरान न्यायालय से पुलिस को सूचना मिली कि उक्त युवक ने कथित तौर पर कोई जहरीला पदार्थ खा लिया है।
सूचना मिलते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कौशल चिलवाल को संयुक्त चिकित्सालय में भर्ती कराया। सीओ पांडे के अनुसार, अस्पताल में उपचार के दौरान डॉक्टरों द्वारा युवक से पूछताछ और आवश्यक प्राथमिक जांच की गई। चिकित्सकों ने प्रारंभिक जांच में किसी भी प्रकार के जहर सेवन की पुष्टि नहीं की है। डॉक्टरों का कहना है कि अब तक की जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि युवक द्वारा किसी प्रकार का विषैला पदार्थ नहीं खाया गया है और न ही उसने स्वयं जहर खाने की पुष्टि की है।
हालांकि, एहतियातन कदम उठाते हुए युवक को आगे की विस्तृत चिकित्सकीय जांच के लिए सुशीला तिवारी अस्पताल, हल्द्वानी रेफर किया गया है। उन्होंने बताया कि यह निर्णय पूरी सतर्कता के तहत लिया गया है, ताकि किसी भी संभावित खतरे से इंकार किया जा सके और चिकित्सकीय स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सके। सीओ ने बताया कि कौशल चिलवाल की न्यायालय में भारतीय दंड संहिता की गंभीर धाराओं 300/302 से जुड़े मामले में पेशी थी। प्रारंभिक तौर पर ऐसा प्रतीत होता है कि संभवतः आरोपी द्वारा पुलिस और न्यायालय पर दबाव बनाने के उद्देश्य से ऐसा कदम उठाने की कोशिश की गई हो। हालांकि, इस संबंध में सभी तथ्यों की गहन जांच की जा रही है।पुलिस के अनुसार, कौशल चिलवाल का आपराधिक रिकॉर्ड भी सामने आया है। उस पर रामनगर और कालाढूंगी क्षेत्र में कुल मिलाकर करीब 10 आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। फिलहाल आरोपी को पुलिस निगरानी में हल्द्वानी भेजा गया है और चिकित्सकीय जांच के बाद अस्पताल से छुट्टी मिलने पर उसके खिलाफ नियमानुसार अग्रिम कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

