
खबरों की दुनिया, नैनीताल
नैनीताल जिला एवं सत्र न्यायालय को ईमेल के जरिए बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद सोमवार को पूरे शहर में हड़कंप मच गया। धमकी भरे ईमेल में दावा किया गया कि न्यायालय परिसर में जजों के चैंबर सहित 12 स्थानों पर आरडीएक्स रखा गया है। जिला न्यायाधीश प्रशांत जोशी को सुबह करीब 8 बजे ईमेल प्राप्त हुआ, जिसके बाद तुरंत एसएसपी मंजूनाथ टीसी को सूचना दी गई।
सूचना मिलते ही पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां हरकत में आ गईं। न्यायालय परिसर को छावनी में बदलकर बम निरोधक दस्ते, डॉग स्क्वॉड और ड्रोन निगरानी के जरिए सुरक्षा सुनिश्चित की गई। एहतियात के तौर पर आम लोगों की आवाजाही सीमित कर दी गई। जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष भागवत प्रसाद ने बताया कि ऑल इंडिया जजेस संगठन को प्राप्त ईमेल में धमकी दी गई थी। धमकी के चलते न्यायालय में अफरा-तफरी मच गई और कई फरियादी बिना सुनवाई के लौट गए। सुरक्षा जांच और प्रतिबंधों के कारण 50 प्रतिशत से अधिक न्यायिक कार्य प्रभावित रहे। नैनीताल हाईकोर्ट परिसर में भी अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया।
तल्लीताल पुलिस ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ आईटी एक्ट व संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच तेज कर दी है। पुलिस अधीक्षक जगदीश चंद्रा ने बताया कि पूरे मामले की गंभीरता के चलते सुरक्षा में कोई कमी नहीं रहने दी जाएगी।अधिवक्ता निखिल बिष्ट और खुर्शीद अहमद ने बताया कि सुबह कोर्ट शुरू होते ही कर्मचारियों ने जज को जानकारी दी, जिसके बाद जज आनन-फानन में कोर्ट से बाहर चले गए। इससे अधिवक्ता और फरियादी भी सतर्क हो गए और कोर्ट को अस्थायी रूप से छावनी में बदल दिया गया। साइबर टीम ईमेल भेजने वाले की पहचान और स्रोत का पता लगाने में लगी हुई है। फिलहाल कोई संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई है, लेकिन प्रशासन पूरी सतर्कता बरत रहा है।



